Main Centers
International Centers
India
USA
FILTERS:
SORT BY:
आस्तिक और नास्तिक दोनों एक ही नाव में सवार हैं। एक सकारात्मक रूप से मानता है, तो दूसरा नकारात्मक रूप से। दोनों ही यह स्वीकार करने को तैयार नहीं हैं कि वे नहीं जानते।
आपको जो मिलता है, उससे आप केवल जीविका कमा सकते हैं। लेकिन जो आप देते हैं, केवल उसी से आप जीवन बनाते हैं।
आपको खुशी पैदा करने की जरूरत नहीं है। अगर आप दुख पैदा न करें, तो खुश ही रहेंगे।
अगर आप विवाह को एक संस्था कहेंगे, तो स्वाभाविक है कि लोग इससे बाहर निकलना चाहेंगे।
अगर आपको लगता है कि आपका काम महत्वपूर्ण है, तो यह बहुत जरूरी है कि आप स्वयं पर काम करें।
अकेलापन इसलिए महसूस नहीं होता क्योंकि आप अकेले हैं। अकेलापन इसलिए लगता है क्योंकि आप अपने आस-पास की हर चीज को अस्वीकार करते हैं।
बिजनेस इंसान की खुशहाली के लिए बनाए गए थे। इंसान बिजनेस की खुशहाली के लिए पैदा नहीं हुए हैं।
आत्मविश्वास और मूर्खता का मेल बहुत खतरनाक है, लेकिन अक्सर ये दोनों साथ ही पाए जाते हैं।
जो कुछ भी मैं जानता हूं, जो मेरे गुरु जानते थे, और जो पूरी आध्यात्मिक परंपरा जानती थी, वो सब ध्यानलिंग में ऊर्जा के रूप में समाहित है। मैं तो बस उसका एक परिणाम हूं।
योग सुपर-ह्यूमन बनने के बारे में नहीं है, बल्कि यह जानने के बारे में है कि मनुष्य होना ही अपने आप में सुपर है।
अगर आप अपना जीवन इसकी सर्वोच्च संभावना तक पहुंचने के प्रयास में जीते हैं, तो उस प्रयास में ही मुक्ति है।
शांति और आनंद ऐसी चीजें नहीं हैं जिन्हें आप जीवन के अंत में प्राप्त करते हैं। ये तो जीवन का आधार हैं।