कालभैरव

मुर्दों को मुर्दा रहने दो

मुर्दों को मुर्दा ही रहने दो

इस हफ्ते के स्पॉट में सद्गुरु शरीर की याददाश्त के बारे में बता रहे हैं जो की मानसिक यादाश्त से कहीं ज्यादा है। "भले ही आपका मस्तिष्क चाहे कितनी तरह की यादों से भरा हो, लेकीन मैं जानता हूं कि इस दुनिया में लोगों की याददा ...
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